न तसबीह काम आयेगी
(श्री परमहंस आश्रम शक्तेषगढ़ परिसर में प्रतिदिन प्रात: ७.३० से ८.३० बजे तक तथा सायं ३.३० से ४.३० बजे तक दैनिक सत्संग के अवसर पर दूर-दूर…
धोबिया जल बिच मरत पियासा
तीर्थाटन साधन समुदाई।
जोग बिराग ग्यान निपुनाई।।
नाना कर्म धर्म ब्रत दाना।
संजम दम जप तप मख नाना।।
भूत दया द्विज गुर सेवकाई।
बिद्या…
दुनियाँ जिसे कहते हैं.....
दुनियाँ जिसे कहते हैं, जादू का खिलौना है।
मिल जाय तो मिट्टी है, खो जाय तो सोना है।।
अच्छा सा कोई मौसम, तनहा सा कोई आलम।…
दरस दिवाना बावला
संसार में उच्चकोटि के जितने भी महापुरुष हुए हैं, उनकी रहनी पर विचार करें, पूर्ण त्याग में उनकी वृत्ति देखने को मिलेगी। वे क्रमश: एक या दो…
दरबार में सच्चे सद्गुरु के
(दिनांक २९–११–२००९ ई० को चंदौली, उ०प्र० की विशाल जनसभा में पूज्य स्वामीजी का प्रवचन।)
दरबार बहुत देखे हमने, तेरे जैसा दरबार नहीं।
जब शीश…
तोड़ना टूटे हुए दिल को बुरा होता है
ॐ जय गुरुदेवम् जय गुरुदेव
ॐ अशरण शरण शरण प्रभु लेव
ॐ जय गुरुदेवम् जय गुरुदेव
राखइ गुर जौं कोप विधाता।
गुर…
तू दैरे हरम का मालिक है
एक भक्त प्रार्थना करता है– प्रभो! आप तो उस परमधाम के मालिक हैं, सर्वसमर्थ हैं। आपके लिए असम्भव कुछ भी नहीं है। तो प्रभो!…
तुम चलो दिवाने देस
भगवान का दर्शन, उनका स्पर्श और उनमें स्थिति प्रत्येक साधक की चाहत होती है; पर यह इतना आसान नहीं है। इसकी दुर्लभता पर प्रकाश डालते हुए…
तवन घर चेतिहे रे भाई!
अभी आपने सन्त कबीर का सुप्रसिद्ध भजन सुना कि ‘छाओ छाओ हो फकीर गगन में कुटी।’; उसकी अन्तिम पंक्ति थी– ‘कहै कबीर अगम गोहरावै,…
जाड़न मरो सारी रात
सन्त कबीर का यह भजन ध्यान के सम्बन्ध में है। संसार भर में ‘ध्यान शिविर’ लगा ही करते हैं फिर भी ध्यान एक उलझा हुआ प्रश्न…